
सेवा में, माननीय श्री भजनलाल शर्मा जी, मुख्यमंत्री, राजस्थान सरकार, जयपुर। विषय: केकड़ी के ब्लड बैंक संविदा कर्मचारी स्व. विनोद साहू के बेसहारा परिवार की चीख-पुकार – तत्काल आर्थिक सहायता एवं अनुकंपा लाभ प्रदान करने हेतु भावुक अपील। आदरणीय मुख्यमंत्री महोदय, हृदय विदारक दर्द के साथ यह पत्र लिख रहा हूँ। केकड़ी (अजमेर) के राजकीय जिला अस्पताल ब्लड बैंक में संविदा परामर्शदाता विनोद साहू अब इस दुनिया में नहीं रहे। हार्ट अटैक ने उन्हें हमसे छीन लिया – वो भी इतनी जल्दी कि परिवार को संभलने का मौका तक नहीं मिला। विनोद अपने परिवार का इकलौता सहारा थे। कम वेतन में भी वे मुस्कुराते हुए रक्तदाताओं को प्रोत्साहित करते, मरीजों की जान बचाते। लेकिन संविदा की अनिश्चितता और काम का भारी बोझ उनकी सेहत पर भारी पड़ गया। आज उनके बुजुर्ग माता-पिता रो-रोकर बेहाल हैं, छोटे बच्चे पिता की छाया को तरस रहे हैं, घर में अंधेरा छा गया है। मुख्यमंत्री जी, क्या एक मेहनती कर्मचारी की मौत के बाद उसका परिवार सड़क पर आ जाए, यही न्याय है? हमारी आंसुओं भरी गुहार है कि आप इस गरीब परिवार का हाथ थामें: मुख्यमंत्री सहायता कोष से तुरंत विशेष आर्थिक सहायता (कम से कम ₹50 लाख) प्रदान करें, ताकि वे दो वक्त की रोटी जुटा सकें। परिवार के योग्य सदस्य को अनुकंपा के आधार पर सरकारी नौकरी देकर उनके आंसू पोंछें। संविदा स्वास्थ्य कर्मियों के लिए बेहतर बीमा और तनाव से मुक्ति की व्यवस्था करें, ताकि कोई और विनोद अपना जीवन न खोए। आपकी संवेदनशील सरकार से पूरी उम्मीद है कि आप इस रोते-बिलखते परिवार की पुकार सुनेंगे और उन्हें न्याय देंगे। विनोद की आत्मा को शांति तब मिलेगी जब उनका परिवार सुरक्षित होगा। आपका आभारी, केकड़ी (अजमेर) के पीड़ित परिवार एवं राजस्थान के हजारों संविदा कर्मचारी साथी